बाराबंकी: बॉलीवुड के महानायक अमिताभ बच्चन ने करीब 18 साल पहले उत्तर प्रदेश के बाराबंकी में गांव की बेटियों को उच्च शिक्षा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से ऐश्वर्या राय के नाम पर कन्या डिग्री कॉलेज की नींव रखी थी। उस समय बड़े-बड़े नेताओं और बच्चन परिवार की मौजूदगी में भूमिपूजन हुआ, शिलापट्ट लगाया गया और जल्द कॉलेज शुरू होने की उम्मीद जताई गई। अमिताभ बच्चन ने वादा किया था कि एक साल के भीतर गांव की बेटियां यहां पढ़ाई करने लगेंगी, लेकिन 18 साल गुजर जाने के बाद भी कॉलेज का निर्माण नहीं हो सका।
2008 में बच्चन परिवार और कई दिग्गज नेताओं की मौजूदगी में रखी गई थी नींव
साल 2008 में बाराबंकी के एक गांव में ऐश्वर्या राय कन्या डिग्री कॉलेज की आधारशिला रखी गई थी। इस कार्यक्रम में अमिताभ बच्चन के साथ उनकी पत्नी जया बच्चन, बेटे अभिषेक बच्चन और बहू ऐश्वर्या राय भी मौजूद थीं।
इस आयोजन में तत्कालीन सपा नेता मुलायम सिंह यादव, अखिलेश यादव, आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू, हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री ओम प्रकाश चौटाला और जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री फारूक अब्दुल्ला जैसी राजनीतिक हस्तियां भी शामिल हुई थीं।
करीब 10 बीघा जमीन पर कॉलेज के लिए भूमिपूजन किया गया था। शिलापट्ट भी लगाया गया। उस समय अमिताभ बच्चन ने भरोसा दिलाया था कि एक साल बाद इसी जगह गांव की बच्चियां पढ़ाई करती नजर आएंगी। हालांकि, उनका यह वादा अब तक पूरा नहीं हो पाया है।

50 हजार रुपये बीघा में जमीन देने वाले लोग खुद को ठगा महसूस कर रहे
कॉलेज के निर्माण की उम्मीद में जिन लोगों ने अपनी जमीन दी थी, वे अब खुद को ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं। बताया जाता है कि उन्होंने महज 50 हजार रुपये प्रति बीघा की दर से जमीन दी थी। उस समय इलाके में कोई डिग्री कॉलेज नहीं था, इसलिए ग्रामीणों को उम्मीद थी कि इस परियोजना से गांव की बेटियों को उच्च शिक्षा का अवसर मिलेगा।
लेकिन इतने साल बीत जाने के बाद भी कॉलेज की इमारत नहीं बन सकी और ग्रामीणों की उम्मीदें अधूरी रह गईं।
जहां बनना था कॉलेज, वहां अब लगता है ब्रह्मचारी बाबा का दरबार
जिस जगह पर कन्या डिग्री कॉलेज बनाया जाना था, वहां अब ब्रह्मचारी बाबा का चबूतरा है। गांव के लोग यहां झाड़-फूंक कराने पहुंचते हैं। मुख्य पुजारी बुद्धिमान बाबा शनिवार को इस स्थान पर दरबार लगाते हैं।
इस तरह जिस जमीन पर कभी बेटियों की पढ़ाई के लिए कॉलेज बनने का सपना दिखाया गया था, वहां आज धार्मिक गतिविधियां होती हैं।

प्रतापगढ़ की लाइब्रेरी का वादा भी अब तक अधूरा
अमिताभ बच्चन से जुड़ा एक ऐसा ही मामला उनके पुश्तैनी गांव प्रतापगढ़ के बाबूपट्टी का भी है। यहां उन्होंने एक लाइब्रेरी का उद्घाटन किया था, लेकिन करीब 20 साल बीतने के बाद भी यह शुरू नहीं हो सकी।
हाल ही में कौन बनेगा करोड़पति कार्यक्रम में प्रतापगढ़ का एक व्यक्ति पहुंचा था। इस दौरान अमिताभ बच्चन ने कहा था कि वह लाइब्रेरी शुरू करवाएंगे। अब एक बार फिर इस वादे के पूरा होने की उम्मीद जताई जा रही है।
